हिन्दू धर्म का इतिहास अति प्राचीन है। इस धर्म को वेदकाल
से भी पूर्व का माना जाता है, क्योंकि वैदिक काल और
वेदों की रचना का काल अलग-अलग माना जाता है।
यहां शताब्दियों से मौखिक परंपरा चलती रही, जिसके
द्वारा इसका इतिहास व ग्रन्थ आगे बढ़ते रहे। उसके बाद इसे
लिपिबद्ध करने का काल भी बहुत लंबा रहा है। हिन्दू धर्म के
सर्वपूज्य ग्रन्थ हैं वेद। वेदों की रचना किसी एक काल में
नहीं हुई। विद्वानों ने वेदों के रचनाकाल का आरंभ ४५०० ई.पू. से
माना है।





